नवागत जिला शिक्षा अधिकारी का शिक्षक सांस्कृतिक मंच ने किया स्वागत सम्मान, बच्चों और शिक्षकों के लिए सार्थक हैं मंच की गतिविधियां
रतलाम : शिक्षक अध्यापन के साथ बच्चों में रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से अच्छे संस्कार विकसित करें तो यह उनके भविष्य के लिए सार्थक सिद्ध होता है। शिक्षक स्वयं भी रचनात्मक कार्यों से जुड़े रहे तो उनके व्यक्तित्व का विकास होता है।
यह बात नवागत जिला शिक्षा अधिकारी सिमरन सूर्यवंशी ने शिक्षक सांस्कृतिक संगठन मंच द्वारा किए गए अभिनंदन के प्रत्युत्तर में कही। उन्होंने कहा कि शैक्षिक दायित्वों के साथ खेलकूद, साहित्य और पर्यावरण के प्रति बच्चों तथा शिक्षकों में जागरूकता पैदा करना आवश्यक है। वर्तमान दौर में पाठ्यक्रम के अतिरिक्त नैतिक गुण भी बच्चों के व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसके लिए शिक्षकों को अन्य गतिविधियों में भी सक्रिय रहना चाहिए। उन्होंने शिक्षक मंच की गतिविधियों को प्रेरक और महत्वपूर्ण बताया।
मंच पदाधिकारियों ने सूर्यवंशी का पुष्पगुच्छ से सम्मान किया। अध्यक्ष दिनेश शर्मा, पूर्व अध्यक्ष कृष्णचंद्र ठाकुर, रक्षा कुमार, दिलीप वर्मा, श्यामसुंदर भाटी, ज्योतिनारायण त्रिवेदी, दशरथ जोशी, अनिल जोशी तोगड़े, नरेंद्रसिंह राठौड़, कविता सक्सेना, मदनलाल मेहरा, रमेश उपाध्याय सहित सदस्य उपस्थित थे।
